अटलजी की प्रतिमा में भ्रष्टाचार शर्मनाक, भाजपा सरकार को जनता से माफी मांगनी चाहिए : डॉ. चरणदास महंत
रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा निर्माण में कथित अनियमितता को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि अटलजी जैसे सर्वमान्य नेता की स्मृति के साथ भ्रष्टाचार और घटिया निर्माण का ऐसा खिलवाड़ बेहद शर्मनाक है।
डॉ. महंत ने कहा कि कटघोरा के अटल परिसर में लगभग 14 लाख रुपये की लागत से कांस्य प्रतिमा स्थापित की जानी थी, लेकिन आरोप है कि कांस्य प्रतिमा के स्थान पर सीमेंट की प्रतिमा बनाकर उस पर रंग-पेंट कर स्थापित कर दी गई। बारिश के बाद प्रतिमा की सतह उधड़ने से निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “पानी में बह जाने वाली कांस्य प्रतिमा का यह दुनिया का पहला मामला होगा। अब सरकार बताए कि अटलजी की प्रतिमा कांस्य की थी या सीमेंट की, और यदि कांस्य की थी तो कांस्य आखिर गया कहां?”
डॉ. महंत ने कहा कि यह केवल एक प्रतिमा का मामला नहीं है, बल्कि सरकारी धन, सरकारी व्यवस्था और अटलजी की प्रतिष्ठा—तीनों के साथ खिलवाड़ का मामला है। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर ठेकेदार के राजनीतिक संबंधों की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि निर्माण का ठेका किसे मिला, किस सामग्री की स्वीकृति थी और मौके पर क्या लगाया गया।
नेता प्रतिपक्ष ने बताया कि प्रदेश के नगरीय निकाय क्षेत्रों में अटल परिसर और अटल चौक के निर्माण तथा स्व. वाजपेयी की प्रतिमाएं स्थापित करने के लिए विधानसभा में 183 स्थानों की घोषणा और लगभग 45 करोड़ रुपये की राशि जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। ऐसे में कटघोरा की घटना के बाद केवल एक प्रतिमा की जांच पर्याप्त नहीं होगी।
उन्होंने मांग की कि प्रदेश में स्थापित सभी अटलजी की प्रतिमाओं की गुणवत्ता और सामग्री की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराई जाए। जिन प्रतिमाओं में घटिया सामग्री, निर्धारित मापदंडों से विचलन या वित्तीय अनियमितता मिले, वहां संबंधित ठेकेदार, सप्लायर और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
डॉ. महंत ने कहा कि वैचारिक मतभेदों के बावजूद देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू अटल बिहारी वाजपेयी का सम्मान करते थे। इसी तरह पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने भी अटलजी को संयुक्त राष्ट्र में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करने का अवसर दिया था। अटलजी की राजनीतिक विरासत दलगत सीमाओं से कहीं ऊपर थी।
उन्होंने कहा, “मुझे सबसे ज्यादा तकलीफ इस बात की है कि देश के सबसे सम्मानित नेताओं में से एक की स्मृति के साथ उन्हीं की पार्टी की सरकार के कार्यकाल में ऐसी बेईमानी के आरोप लग रहे हैं। सरकार को बताना चाहिए कि यह अटलजी का सम्मान है या उनके नाम पर सरकारी धन की बंदरबांट?”
डॉ. महंत ने भाजपा सरकार के नारे पर भी तंज कसते हुए कहा कि “सरकार कहती है—हमने बनाया, हम ही संवारेंगे। लेकिन कटघोरा में अटलजी की प्रतिमा देखकर सवाल उठता है कि सरकार ने बनाया क्या और संवारा क्या?”
उन्होंने कहा कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच, दोषियों पर एफआईआर तथा सरकारी राशि की वसूली की कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही प्रदेश में स्थापित सभी अटल प्रतिमाओं का भौतिक सत्यापन कर रिपोर्ट सार्वजनिक की जानी चाहिए।
Subscribe to Updates
Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.
KORBA:-अटलजी की प्रतिमा में भ्रष्टाचार शर्मनाक, भाजपा सरकार को जनता से माफी मांगनी चाहिए : डॉ. चरणदास महंत
Related Posts
About Us

Rameshwar Thakur
Owner & Editor
Disclaimer
श्री गणेशाय: नमः
छत्तीसगढ़ की खबरें प्राथमिकता से प्रकाशित की जाती हैं, जिसमें जनहित की सूचनाएं, समसामयिक घटनाओं पर आधारित खबरें प्रकाशित की जाती हैं। साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री (समाचार / फोटो / वीडियो आदि) शामिल होगी।
SHIKHARKESRI.COM इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। साइट में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, इसके लिए SHIKHARKESRI.COM या उसके स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी ज़िम्मेदारी नहीं होगी।
Important Links
© 2025 Shikharkeshri.com | All Rights Reserved | Develop By Nimble Technology.


