



बांकीमोंगरा के खनन प्रभावित क्षेत्र के लिए 100 करोड़ का डीएमएफ पैकेज मांगा, एल्डरमैन जितेंद्र कुमार सिंह ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
कोरबा। नगर पालिका परिषद बांकीमोंगरा के एल्डरमैन जितेंद्र कुमार सिंह ने खनन प्रभावित क्षेत्र के विकास के लिए जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) मद से करीब 100 करोड़ रुपये का विशेष विकास पैकेज स्वीकृत करने की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने 11 अगस्त 2026 को कलेक्टर कोरबा को ज्ञापन सौंपकर बांकीमोंगरा क्षेत्र को डीएमएफ की प्राथमिकता वाली विकास योजनाओं में शामिल करने का आग्रह किया है।
ज्ञापन में कहा गया है कि बांकीमोंगरा क्षेत्र करीब 65 वर्षों से खनन गतिविधियों से प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित है। खनन के कारण क्षेत्र की भूमि, पर्यावरण, सड़क, जलस्रोत, वायु गुणवत्ता, विद्युत व्यवस्था तथा आम नागरिकों के जीवन पर लंबे समय से प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष प्रभाव पड़ रहा है। इसके अलावा क्षेत्र के लोग मूलभूत सुविधाओं और अधोसंरचना संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे हैं।
एल्डरमैन ने कहा कि जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) का मूल उद्देश्य खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास और प्रभावित लोगों के हितों की रक्षा करना है। ऐसे में बांकीमोंगरा क्षेत्र को विशेष प्राथमिकता देते हुए एक समग्र विकास पैकेज तैयार किया जाना आवश्यक है।
ये प्रमुख मांगें रखी गईं
ज्ञापन में बांकीमोंगरा नगर पालिका क्षेत्र के लिए लगभग 100 करोड़ रुपये की विशेष डीएमएफ राशि स्वीकृत करने, आगामी डीएमएफ कार्ययोजना में इसका विशेष प्रावधान करने तथा राशि को चरणबद्ध तरीके से स्वीकृत कर क्षेत्र की प्राथमिक आवश्यकताओं को पूरा करने की मांग की गई है।
इसके साथ ही 65 वर्षों के खनन प्रभाव का विशेष सर्वेक्षण कराने और खनन से हुए पर्यावरणीय, सामाजिक एवं अधोसंरचनात्मक प्रभावों का विभागीय सर्वेक्षण/आकलन कर रिपोर्ट तैयार करने की मांग भी की गई है।
ज्ञापन में क्षेत्र की शुद्ध एवं पर्याप्त पेयजल व्यवस्था, जलस्रोतों का संरक्षण एवं पुनर्जीवन, नाली व जल निकासी व्यवस्था, सड़क एवं संपर्क मार्ग, स्वास्थ्य सुविधाओं, स्कूल व शिक्षा अधोसंरचना, स्वच्छता एवं ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, खेल मैदान, युवाओं की सुविधाओं तथा सार्वजनिक सामुदायिक भवनों को डीएमएफ से प्राथमिकता देने का आग्रह किया गया है।
एल्डरमैन ने कलेक्टर एवं प्रभारी मंत्री से क्षेत्र की वास्तविक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए बांकीमोंगरा के समग्र एवं न्यायसंगत विकास के लिए उचित निर्णय लेने की अपेक्षा जताई है। ज्ञापन में डीएमएफ से अब तक स्वीकृत राशि, जारी राशि, स्वीकृत कार्यों तथा वर्तमान में उपलब्ध/प्रस्तावित राशि की जानकारी भी उपलब्ध कराने की मांग की गई है।



