


कोरबा के सोहागपुर गौधाम में गौवंशों की मौत और चारा-पानी के अभाव के आरोप, कलेक्टर से जांच और कार्रवाई की मांग
कोरबा। ग्राम सोहागपुर स्थित “गौधाम सोहागपुर स्व. वैद्य नत्थूराम कौशिक” में गौवंशों की दुर्दशा, चारा-पानी के अभाव और गौवंशों की मौत के आरोपों को लेकर क्षेत्रवासियों ने कलेक्टर से हस्तक्षेप की मांग की है।
शिकायतकर्ताओं राकेश श्रीम, करण बरेठ, राकेश वैष्णव और संतोष राठौर ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर बताया कि पंजीयन क्रमांक 007 वाली इस गौशाला में गौवंशों को पर्याप्त चारा और स्वच्छ पानी नहीं मिल रहा है। शिकायत के अनुसार कई गौवंशों की मृत्यु हो चुकी है और कुछ मृत गौवंशों को परिसर के आसपास दफनाया भी जा रहा है।
गौसेवकों और ग्रामीण पत्रकारों द्वारा किए गए मौके के निरीक्षण में भी गौवंशों की दयनीय स्थिति देखी गई। गौशाला में कार्यरत चौकीदार ने गौवंशों की मृत्यु होने की बात स्वीकार की है।
ज्ञापन में कहा गया है कि शासन द्वारा गौवंश संरक्षण के लिए अनुदान दिया जाता है, लेकिन मूलभूत सुविधाओं के अभाव में गौवंशों की जान जा रही है। यह गंभीर लापरवाही है।
*शिकायतकर्ताओं की प्रमुख मांगें:*
1. *संयुक्त जांच:* प्रशासनिक और पशु चिकित्सा विभाग की टीम द्वारा गौधाम का तत्काल निरीक्षण कराया जाए
2. मृत्यु की जांच: पिछले समय में हुई गौवंशों की मौतों की निष्पक्ष जांच और पोस्टमार्टम कराया जाए
3. भौतिक सत्यापन: गौशाला में मौजूद और मृत गौवंशों की संख्या का सत्यापन हो
4. ऑडिट: शासन से मिली अनुदान राशि के उपयोग का ऑडिट किया जाए
5. *सुविधाओं की जांच:* चारा, पानी, दवाई, सफाई और अन्य व्यवस्थाओं की जांच हो
6. *कार्रवाई:* लापरवाही पाए जाने पर प्रबंधन के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए
7. पंजीयन जांच: गौशाला की मान्यता/पंजीयन की भी जांच कर नियम उल्लंघन पर निरस्त की जाए
8. त्काल राहत: जांच तक गौवंशों के लिए चारा, पानी और उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए
शिकायतकर्ताओं ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी को बदनाम करना नहीं बल्कि गौवंशों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। ज्ञापन की प्रतिलिपि पशुपालन विभाग, एसडीएम, जनपद पंचायत, पशु कल्याण विभाग और पुलिस अधीक्षक को भी भेजी गई है।
प्रशासन से मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई की अपेक्षा की गई है









