शिक्षा विभाग के अधिकारी ने किया औचक निरीक्षण-नशे में धुत शिक्षक पकड़ा गया रंगे हाथ
- ग्रामीणों की शिकायत हुई सही साबित
- बेस पर ड्यूटी के दौरान मादक द्रव्य पदार्थ का सेवन कर नशे में पाए गए शिक्षक
- की जा रही विभागीय कार्यवाही की तैयारी
कोरबा । कोरबा जिले के विकासखंड पोड़ी-उपरोड़ा अंतर्गत ग्रामीण अंचलों में शिक्षा की गुणवत्ता को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं। इसी कड़ी में शिक्षा विभागीय अधिकारी के.आर. दयाल ने शासकीय प्राथमिक शाला पुटूवा, संकुल धनखेता का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान संस्था में पदस्थ कुल दो शिक्षकों में से प्रधानपाठक एवं सहायक शिक्षक मरकाम उपस्थित पाए गए। जांच के दौरान विभागीय अधिकारी स्तब्ध रह गए जब सहायक शिक्षक ड्यूटी के समय मादक पदार्थ का सेवन कर नशे की हालत में पाए गए। विद्यालय परिसर में शिक्षक की यह स्थिति देखकर ग्रामीणों का आक्रोश भी उभर आया। इनकी शराबखोरी और लापरवाही की शिकायतें पूर्व में भी की जा चुकी हैं, लेकिन अब तक उस पर कोई ठोस कार्यवाही नहीं हुई थी।
निरीक्षण में उपस्थिति रजिस्टर भी खंगाला गया, जिसमें दर्ज 62 विद्यार्थियों में से मात्र 44 विद्यार्थी ही उपस्थित पाए गए। विभागीय अधिकारी ने अनुपस्थित बच्चों को शाला लाने हेतु विशेष प्रयास करने का निर्देश प्रधानपाठक को दिया। वहीं, मध्यान्ह भोजन योजना के तहत मिलने वाले चावल की वास्तविक स्थिति की जांच कराने के निर्देश भी दिए गए। शिक्षा विभागीय अधिकारी के.आर. दयाल ने स्पष्ट किया कि विद्यार्थियों की निरंतर अनुपस्थिति और शिक्षा की गुणवत्ता में गिरावट को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने शिक्षकों को चेतावनी दी कि यदि अनुशासनहीनता या शैक्षणिक लापरवाही की पुनरावृत्ति पाई गई तो कड़ी विभागीय कार्यवाही की जाएगी।
जानकारी के अनुसार, नशे में ड्यूटी करते पाए गए सहायक शिक्षक के खिलाफ विभाग स्तर पर कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी गई है। यह मामला केवल एक शिक्षक की लापरवाही का नहीं, बल्कि पूरे शिक्षा तंत्र पर सवाल खड़ा करता है। ग्रामीणों का कहना है कि जब शिक्षक ही जिम्मेदारी से काम नहीं करेंगे, तो बच्चों का भविष्य कैसे सुरक्षित होगा
