जांजगीर-चांपा पुलिस ब्रेकिंग न्यूज़ दिनांक 09.01.2026
- भूमि के अधिग्रहण से प्राप्त राशि को फर्जी तरीके से निकाल कर गबन करने वाले 05 आरोपी चढे अकलतरा पुलिस के हत्थे
- आरोपीगण पीछले 03 वर्षो से थे फरार अलग अलग स्थानों से पर दबिस देकर किया गया गिर
- 24 लाख रुपए का आरोपियों के द्वारा किया गया था फर्जीवाड़ा
- फर्जी आधार कार्ड बनाकर मुआवजा राशि को किया गया गबन
- आरोपीयों के विरूद्ध धारा 420,467,468,471,34 भादवि के तहत की गई कार्यवाही गिरफ्तार आरोपी
- परमेश्वर पाटले पिता दशरथ निवासी नरियारा थाना मुलमुला
- विश्राम भारद्वाज पिता भगवानी भारद्वाज निवासी झलमला थाना मूलमुला
- दीपक दिवाकर पिता राम सिंह दिवाकर निवासी खम्हारिया थाना लवन
- नरेश रत्नाकर पिता रामदिन रत्नाकर निवासी खम्हारिया थाना लवन
- शंकर लाल भारद्वाज पिता गोटी लाल भारद्वाज निवासी कोसिर थाना पामगढ़
जांजगीर-चांपा मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है प्रार्थी योगेन्द्र सिंह चंदेल पिता स्व बलदाउ सिंह ग्राम तरौद थाना अकलतरा के द्वारा दिनंाक 08.04.2023 को थाना उपस्थित आकर लिखित आवेदन पेश कर रिपोर्ट दर्ज कराया कि कि तरौद स्थित भूमि जो कि के.एस.के वर्धा पावर प्लांट में अधिग्रहित की गई थी जिसमें मुआवाजा राशि 24 लाख दिया गया था जिससे असंतुष्ट होकर उचित मुआवाजा के लिए माननीय उच्च न्यायालय बिलासपुर में मामला विचाराधीन था उसी भूमि के अधिग्रहण से प्राप्त राशि को कोई अज्ञात व्यक्ति मप्रार्थी योगेन्द सिंह एंव उसका भाई स्व. गिरधर सिंह के नाम से फर्जी आधार कार्ड व डीसीबी बैंक जांजगीर से बिना वास्तविक प्रार्थी के खाता खोलवाये बिना अज्ञात व्यक्ति के द्वारा मुआवजा के राशि को निकल लिया गया । जब डीसीबी बैंक से चेक बुक वास्तविक प्रार्थी के पास डाक के माध्यम से आया तो फर्जीवाड़ा का पता चला,जिस पर से
अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध अपराध 209/23 धारा 420 भादवि का अपराध पाये जाने से पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया
विवेचना दौरान अज्ञात आरोपी का पता तलाश लगातार किया जा रहा था जो पता नहीं चल रहा था कि किस व्यक्ति के द्वारा फर्जी आधारकार्ड के माध्यम से 24 लाख रूपये का धोखाधड़ी किया गया है , जिस पर फर्जी आधार कार्ड की जानकारी खाद्य विभाग से लिया गया जिसमें आधार कार्ड के नंबर से संदेही *दीपक दिवाकर एवं नरेश रत्नाकर दोनो निवासी खम्हरिया थाना लवन जिला बलौदाबजार को हिरासत में लेकर पूछताछ किया गया जो अपने मेमोरण्डम कथन में आरोपी गणो ने बताया कि दीपक दिवाकर के ससुर शंकर भारद्वाज के द्वारा नरियारा निवाशी परमेश्वर एवं झलमला निवाशी विश्राम के साथ मिलकर प्लान तैयार किया गया, परमेश्वर को पता था कि तरौद निवाशी योगेन्द्र चंदेल एवं स्व गिरधारी चंदेल मुआवजा का राशि नहीं लिए है जिस पर दीपक दिवाकर एवं नरेश रत्नाकर का आधारकार्ड को झूठा शपथ पत्र देकर नाम चेंज कराया गया उसके बाद उसी आधार कार्ड से बैंक में खाता खुलवाया गया , ओर मुआवजा ले लिया गया एवं पैसे को आपस में बांट लिए
फर्जीवाड़ा किया हुआ आधार कार्ड, बैंक में दिए मोबाइल नंबर, बैंक में खाता खुलवाने के लिए दिए दस्तावेज, फोटो को जप्त किया गया है, सभी आरोपियों के विरुद्ध अपराध सबूत पाए जाने से विधिवत गई गिरफ्तार न्यायालय पेश किया गया है,
प्रकरण विवेचनाधीन है।
उपरोक्त कार्यवाही मे थाना प्रभारी अकलतरा निरी. भास्कर शर्मा, उनि बी.एल. कोसरिया म.प्र.आर. स्वाती गिलोरकर आर. राजाजयप्रकाश रात्रे , गौकरण राय, भूषण राठौर का सराहनीय योगदान रहा।


















